गणपति मंत्र
विघ्नों का नाश करने वाला मंत्र
देवता: गणपती
मूल पाठ
पवित्र पाठ मूल भाषा में ही दिया गया है।
ॐ गं गणपतये नमः।
वक्रतुण्ड महाकाय।
सूर्यकोटि समप्रभ।
निर्विघ्नं कुरु मे देव।
सर्वकार्येषु सर्वदा॥
अर्थ
हे वक्रतुंड, महाकाय, कोटी सूर्यांप्रमाणे तेजस्वी गणेशा, माझ्या सर्व कार्यांत सदा विघ्ने दूर कर.
लाभ
- विघ्ने दूर होतात
- नवीन कार्यात यश
- बुद्धी वाढते
- शुभ प्रारंभ
पूजा बुक करनी है?
अनुभवी, सत्यापित पंडित पूर्ण वैदिक विधि से पूजा करेंगे।